हर दुकानदार के सवाल
शुरू करने से पहले सीधे जवाब, चाहे आप कुछ भी बेचते हों, कहीं भी।

WhatsApp पर तीन क़दम में शुरू कीजिए
WhatsApp पर संदेश भेजिए
इस पेज पर WhatsApp का बटन दबाइए और बताइए कि आप क्या बेचते हैं और दुकान कहाँ है। हम WhatsApp पर आपकी भाषा में जवाब देते हैं और आपके काउंटर के बारे में कुछ बातें पूछते हैं: आप कैसे बेचते हैं, उधार कौन लेता है, और बिल और कौन बनाता है।
अपना सामान डालिए
पहले वो चीज़ें डालिए जो रोज़ बिकती हैं, उसी तरह जैसे आप बेचते हैं: किलो, लीटर, नग, गड्डी या डिब्बे में, हर एक का भाव। इसमें हम WhatsApp पर मदद करते हैं। बाक़ी सामान धीरे-धीरे, जैसे-जैसे बिके, जोड़ते जाइए।
पहला बिल बनाइए
अगले ग्राहक का बिल बनाइए और WhatsApp पर भेजिए या छाप दीजिए। उस बिल से आगे हर बिक्री, हर उधार और हर यूपीआई भुगतान आपके फ़ोन पर गिना जाता है, और स्टॉक अपने आप घटता है।
आम सवाल, एक ही जगह जवाब
क्या शुरू करने के लिए पैसे देने पड़ेंगे?
नहीं। शुरू करना मुफ़्त है। WhatsApp पर संदेश भेजिए, आगे क्या करना है वहीं बताया जाएगा।
क्या मुझे कंप्यूटर ख़रीदना पड़ेगा?
नहीं। जो फ़ोन आप WhatsApp के लिए इस्तेमाल करते हैं, वही काफ़ी है। सब कुछ उसी पर चलता है, दुकान पर भी और घर पर भी।
क्या प्रिंटर चाहिए?
नहीं। बिल ग्राहक को WhatsApp पर चला जाता है। काग़ज़ का बिल चाहिए, तो बाद में छोटा प्रिंटर जोड़ सकते हैं, और बिल फ़ोन से छप जाएगा।
नेट न हो तो बिल बनेगा?
हाँ। नेट जाने पर भी बिल बनते रहते हैं, और नेट आते ही हिसाब अपने आप आपके खाते में जुड़ जाता है। सिग्नल न रहने पर भी बना कोई बिल खोता नहीं।
मुझे फ़ोन ज़्यादा चलाना नहीं आता। मुश्किल तो नहीं होगी?
अगर आप WhatsApp चला लेते हैं, तो यह भी चला लेंगे। हम WhatsApp पर, आपके अपने शब्दों में, एक-एक क़दम करके शुरू करवाते हैं।
क्या मेरा बेटा, बेटी या स्टाफ़ भी बिल बना सकता है?
हाँ। दुकान पर कोई भी दुकान के फ़ोन से बिल बना सकता है, और आप हर बिक्री अपने फ़ोन पर देख सकते हैं, कहीं भी हों। स्टाफ़ की शिफ़्ट, कि कौन कब काउंटर पर था, जल्द आ रही है।
दुकान पर न हूँ, तो आज की बिक्री देख सकता हूँ?
हाँ। दिन की बिक्री, नक़द, यूपीआई और उधार आपके अपने फ़ोन पर खुल जाते हैं, और काउंटर पर बिल बनते रहते हैं।
मेरा पुराना उधार कॉपी में लिखा है। उसका क्या करूँ?
हर ग्राहक का आज तक का बक़ाया एक बार डाल दीजिए। उसके बाद हर नया उधार और हर जमा फ़ोन में लिखा जाएगा, और कॉपी आराम कर सकती है।
उधार का खाता कैसे चलता है?
बिल बनाते समय ग्राहक चुनिए और बिल उसके खाते में डालिए। उसका बक़ाया बढ़ जाता है। वह पैसे दे, तो जमा लिखिए और बक़ाया घट जाता है। हर ग्राहक का अपना पन्ना तारीख़ों के साथ रहता है।
क्या ग्राहक को भी ऐप चाहिए?
नहीं, सिर्फ़ आपको। ग्राहक को बिल, और आप भेजें तो उसका बक़ाया, WhatsApp पर मिल जाता है। उसे कुछ नया डालना नहीं पड़ता।
मैं जो लिखता हूँ, क्या ग्राहक वो देख पाएँगे?
सिर्फ़ वही जो आप भेजें: बिल, या WhatsApp पर उसका अपना बक़ाया। एक ग्राहक दूसरे का पन्ना कभी नहीं देखता, और बाक़ी कुछ आपके खाते से बाहर नहीं जाता।
ग्राहक यूपीआई से पैसे दे सकते हैं?
हाँ। अपना QR कोड दिखाइए; ग्राहक यूपीआई से दे, और पैसा उसी बिल पर दर्ज हो जाता है। शाम को यूपीआई पहले से गिना मिलता है, सिर्फ़ गल्ले का नक़द मिलाना बचता है।
मेरी दुकान किराने की नहीं है। क्या मेरे काम आएगा?
हाँ। बिल, स्टॉक, उधार और यूपीआई हर दुकान में चाहिए। किराना, कपड़े, दवा, मिठाई, मोबाइल, हार्डवेयर, सब्ज़ी या दूध: अपने सामान की सूची डालिए और बेचना शुरू कीजिए।
मेरी दुकान बहुत छोटी है। क्या फ़ायदा होगा?
हाँ। एक कमरे की दुकान और एक फ़ोन काफ़ी है। दुकान जितनी छोटी, उतना ही हर छूटा उधार या भूला भाव भारी पड़ता है, और फ़ोन उन्हें आपके लिए याद रखता है।
क्या मैं अपनी भाषा में इस्तेमाल कर सकता हूँ?
WhatsApp पर हम आपकी भाषा में बात करके शुरू करने में मदद करते हैं। नाम, सामान, रक़म वैसे ही लिखिए जैसे बोलते हैं।
किसी सुविधा के आगे "जल्द आ रहा है" का क्या मतलब है?
वह बन रही है, अभी तैयार नहीं है। हम हर पेज पर यह लिखते हैं ताकि आपको शुरू करने से पहले पता हो। बाक़ी सुविधाएँ आज ही काम करती हैं।
दो दुकानें या दो काउंटर चला सकते हैं?
हाँ। दूसरा काउंटर या दूसरे इलाक़े की शाखा आपके एक ही खाते में रह सकती है, और आप हर एक की बिक्री अलग देख सकते हैं।
सप्लायर को फ़ोन से ऑर्डर भेज सकते हैं?
हाँ। देखिए क्या कम हो रहा है, सप्लायर को फ़ोन से ऑर्डर भेजिए, और लिखते समय पिछली बार का ऑर्डर सामने रहता है।
पक्के ग्राहकों को छूट दे सकते हैं?
हाँ। पक्के ग्राहकों के लिए छूट और ऑफ़र रख सकते हैं, ताकि हर हफ़्ते आने वाले परिवार को वही मिले जो आपने कहा था, बिना आपके याद रखे।
पिछले महीने या पिछले साल की बिक्री देख सकते हैं?
हाँ। रिपोर्ट हर दिन रखती है, इसलिए कोई भी पुराना हफ़्ता या महीना खोलकर इस बार से मिला सकते हैं: पिछले साल का वही त्योहार वाला हफ़्ता, या भाव बढ़ने से पहले का महीना।
बिल ग़लत बन गया। ठीक कर सकते हैं?
हाँ। ग़लत बिल रद्द कीजिए और नया बनाइए। रद्द बिल आपके हिसाब में रद्द लिखा हुआ रहता है, ताकि दिन की गिनती सच्ची रहे, और स्टॉक वापस आ जाता है।
क्या बिल पर मेरी दुकान का नाम आएगा?
हाँ। हर बिल पर आपकी दुकान का नाम होता है, ताकि ग्राहक हफ़्तों बाद WhatsApp पर खोले तब भी जाने कि बिल कहाँ का है।
फ़ोन बदल लिया तो क्या होगा?
आपके बिल आपके खाते में रहते हैं, सिर्फ़ फ़ोन में नहीं। नए फ़ोन पर भारतरथ शुरू कीजिए, आपका सामान, ग्राहक और बिल वहीं मिलेंगे।
मेरी दुकान का हिसाब क्या दूसरी दुकानें देख सकती हैं?
नहीं। आपका हिसाब सिर्फ़ आपकी दुकान का है। आप जो बिल या बक़ाया भेजते हैं, सिर्फ़ वही ग्राहक तक जाता है।
तराज़ू पर तौलकर बेचता हूँ। बिल में वज़न डाल सकते हैं?
हाँ। चीज़ को किलो या ग्राम में रखिए। तराज़ू पर जो वज़न आया वह लिखिए, दाम अपने आप जुड़कर बिल में आ जाता है।